स्वस्थ रहने के 10 नियम: स्वास्थ्य संबंधी सुझाव हिंदी में

स्वस्थ रहने के लिए 10 नियम

स्वास्थ्य हमारे लिए सबसे प्रथम और सबसे जरूरी होना चाहिए, लेकिन अक्सर हम अपनी जिम्मेदारियों, और अपने काम को सबसे प्रथम श्रेणी में रखते हैं, स्वास्थ्य है, तो सब कुशल मंगल है, एक स्वस्थ जीवन शैली बनाएँ रखने के लिए, पर्याप्त नियमित शारीरिक गतिविधि, व्यायाम करना, एक संतुलित आहार लेना, पौष्टिक भोजन करना, एवं नमक और चीनी, शक्कर, का सेवन कम करना, सिगरेट, शराब और अन्य किसी भी प्रकार के, नशे संबंधित चीजों से दूर रहना, इन सभी नियमों का पालन करना बहुत ज़रूरी होता है, और इसी प्रकार के नियम के बारे में आज हम इस लेख मे जानेंगे।

इस लेख में:

स्वस्थ जीवन शैली बनाए रखने के लिए क्या करें?

एक स्वस्थ जीवन शैली को बनाए रखने के लिए, आपको अपने रोज के दिनचर्या में थोड़ा सा बदलाव लाना होगा, एक सूची बनानी होगी, और उस सूची को आपको, अपने जीवन मे सबसे पहले रखना होगा, जैसे हम अपने परिवार से प्यार करते हैं, वैसे ही हमे अपने जीवन में, अपने स्वास्थ्य को भी उतना ही प्यार करना चाहिए, आखिर हम स्वस्थ रहेंगे, तो ही हम अपने परिवार का ख्याल रख सकेंगे।

स्वस्थ रहने के 10 नियम

स्वस्थ रहने के 10 नियम क्या हैं?

हेल्दी और फिट रहने के लिए, आप ये कुछ डेली रूटीन का अनुसरण कर सकते हैं, अगर आपके पास ज़्यादा समय नहीं है, आप अक्सर कामकाज में व्यस्त रहते हैं, तो आप यह मूल नियम का पालन करके भी, अपने स्वास्थ्य को हेल्दी रखने में मदद कर सकते हैं। क्या करें?

1 नियमित व्यायाम करें:

नियमित रूप से व्यायाम करें

एक रूटीन बनाएं: रोजाना कम से कम, अपने दैनिक दिनचर्या में 30 मिनट का व्यायाम ज़रूर शामिल करें, जो भी करें दिल से करें, मन से करें, क्यूंकि मन से किया गया, कोई भी काम शरीर में अच्छी तरह से लगता है, और साथ ही साथ, आप उसे करते समय आनंद भी लेते है, और जिस चीज में हमें आनंद आता हो, उसे हम लंबे समय तक करने में, बोरियत भी महसूस नहीं करते हैं, आपको जो भी व्यायाम पसंद हों वो कम से कम आधा घंटा ज़रूर करें, आप इनमें से चुन सकते हैं, जैसे: चलना, दौड़ना, तैरना, रस्सी कूदना, साइकिल चलाना, योग, ध्यान, इनमे से जो भी आपको पसंद हो, वो अपनी दिनचर्या में ज़रूर शामिल करें।

व्यायाम के फ़ायदे

नियमित रूप से व्यायाम करने से, यह हमारी शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को मज़बूत और बेहतर बनाता है, हमारी हड्डियों को मज़बूत बनाता है, शारीरिक रूप से किसी भी प्रकार की गतिविधि को करने से, हृदय रोग, कैंसर, मधुमेह जैसे बड़ी से बड़ी बीमारी को होने से बचाया जा सकता है, शारीरिक गतिविधि से हमारे शरीर का रक्तसंचार बढ़ता है, मूड को बेहतर बनाकर ऊर्जा के स्तर को बढ़ाता है।

2 संतुलित आहार लें:

संतुलित आहार लें - हरी सब्जियां

स्वस्थ रहने के लिए हमेशा सभी विटामिन, पौषक तत्व से भरपूर पर्याप्त मात्रा में – पौष्टिक आहार का ही सेवन करें, अपने आहार में ताज़े फल, हरी सब्जियां, दालें, साबुत अनाज, अंकुरित अनाज, यह सभी ज़रूर से शामिल करें, हर रोज की दिनचर्या का एक अलग से चार्ट बनाएं, और उसे अपनी आँखों के सामने चिपका दें, इन सभी को, अलग-अलग दिन में ज़रूर शामिल करें, सप्ताह में हर दिन अलग-अलग आहार लेने से, आप बोर नहीं होंगे, और आपको अलग स्वाद भी मिलता रहेगा, एक स्वस्थ जीवन और हेल्दी लाइफस्टाइल के लिए, आपको अपने हर रोज के दिन में, सभी विटामिन और पौषक तत्व को अपने लिस्ट में ज़रूर शामिल करना चाहिए।

संतुलित आहार के फ़ायदे

हमारे शरीर को हर प्रकार के विटामिन, पौषक तत्व, खनिज (मिनरल्स) कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, वसा, फाइबर, इत्यादि की ज़रूरत होती है, जैसे एक पौधे को स्वस्थ विकसित होने के लिए, सही मात्रा में खाद्य, और देखभाल की ज़रूरत होती है, वैसे ही हमे अपने जीवन में, स्वस्थ चलते फिरते रहने के लिए, पर्याप्त मात्रा में विटामिन, मिनरल्स, पौषक तत्व, प्रोटीन, वसा, फाइबर आदि सभी की ज़रूरत होती है।

यह न केवल स्वस्थ वज़न बनाए रखने में हमारी मदद करता है, बल्कि हमारे शरीर के विकास, ऊर्जा उत्पादन और आने वाली कई गंभीर बीमारियों या पुरानी बीमारियों को बढ़ने से रोकने के लिए भी प्रभावशाली होता है, जो हमे इन सभी फल, हरी सब्जियां, अंकुरित दालें और साबुत अनाज में पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध मिलता हैं, इसलिए हमें अपने दैनिक दिनचर्या में, इन सभी आहारों को ज़रूर से शामिल करना चाहिए।

3 सेंधा नमक का इस्तेमाल:

सेंधा नमक, सफ़ेद नमक

खाने में हमेशा आपको सेंधा नमक का ही इस्तेमाल करना चाहिए, सेंधा नमक (Rock salt) जिसे “Pink Himalayan” भी कहते हैं, बिल्कुल इसके नाम की तरह, ये हमारे जीवन में भी rocking का ही काम करता है, क्यूंकि रॉक सॉल्ट एक प्राकृतिक खनिज नमक है, इसमे एक भरपूर मात्रा में खनिज (मिनरल्स) होता है, जो मिनरल हमें भोजन में पर्याप्त नहीं मिल पाता है, वो हमे रॉक सॉल्ट से पर्याप्त मात्रा में मिल जाता है।

सेंधा नमक के गुण, और फ़ायदे

सेंधा नमक रासायनिक प्रक्रिया या रिफाइनिंग से नहीं बनाया जाता है, इसलिए यह शुद्ध और प्राकृतिक खनिजों से भरपूर होता है, इसमे साधारण सफ़ेद नमक की तरह आयोडीन या अन्य रसायन नहीं होते हैं, इसीलिए सेंधा नमक को, बाकी सामान्य नमक (टेबल सॉल्ट) से अलग बनाते हैं, यह आपके शरीर में बाकी साधारण सफ़ेद नमक की तरह, वाटर रिटेंशन ,और ब्लड प्रेशर को बढ़ाने का काम नहीं करता है, इसलिए खाने में हमेशा सफ़ेद नमक की जगह सेंधा नमक ही खाएं, यह आपके स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होता है।

4 खाना खाने के फौरन बाद बिस्तर पर जाने से बचिए

खाना खाने के बाद, फौरन बिस्तर पर लेटें नहीं
पसरे नहीं, वॉक पर जाएं

अक्सर बहुत सारे लोग क्या करते हैं, वे खाना खाने के बाद, बिस्तर पर पसर जातें हैं, जो की हमारे स्वास्थ्य के लिए बिल्कुल भी सही नहीं होता है, खाना खाने के बाद हमें कम से कम, 500 से 1000 कदम तो, ज़रूर चलना ही चाहिए, और अगर संभव हो सके, तो खाना खाने के बाद 15 मिनट का वॉक लेकर आने की आदत बनाएं, खाना खाने के तुरंत बाद, बिस्तर पर लेटने की आदत को बदलें।

खाने के बाद वॉक पर जाने के फ़ायदे

हेल्थ एक्सपर्ट्स बताते हैं: रात को खाना खाने के बाद वॉक करने की आदत डालने से, वजन बढ़ने की शिकायत से बचा जा सकता है, और साथ ही गैस और एसिडिटी, सीने में जलन जैसी शिकायतों से भी बचा जा सकता है, भोजन के बाद चलने-टहलने से पेट को, पाचन प्रक्रिया पूरा करने के लिए, पर्याप्त समय मिल जाता है, और भोजन को अच्छी तरह से पचाने में मदद करता है, इससे पेट भी हल्का महसूस होता है, और आपको नींद भी अच्छी आती है, इसीलिए खाना खाने के तुरंत बाद ना पसरें, थोड़ा उठिए और वाक कीजिए।

5 खाना खाने के फौरन बाद पानी पीने को टालना चाहिए

खाना खाने के कम से कम, आधे घंटे बाद ही पानी पीना चाहिए, और अगर आप 1 घंटे तक का संयम बना कर रख सकते हैं, तो यह स्वास्थ्य के लिए सबसे अच्छा होता है, नहीं तो कम से कम आधे घंटे का फ़ासला तो सेहत के लिए अनिवार्य है, अगर आपसे आधा घंटा भी नियंत्रण नहीं रखा जाता है, तो आप एक या दो घूंट, बीच-बीच मे थोड़ा पानी पी सकते हैं, लेकिन भोजन के फौरन बाद, ढेर सारा पानी पीने से बचना चाहिए।

खाना खाने के बाद पानी ना पीने के फ़ायदे

हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, खाना खाने के बाद पानी पीने के लिए, 30 मिनट से, 1 घंटे तक का फ़ासला रखने से, आपका पाचन तंत्र मज़बूत रहता है, और भोजन भी अच्छी तरह से पच जाता है, भोजन करने के फौरन बाद पानी पीने से, पाचन (डाइजेशन) कमजोर होता है, क्यूंकि अन्न का तापमान गरम होता है, और पानी का तापमान शीतल होता है, अब ऐसे में तुरंत गरम के ऊपर, पानी पी लेने से पाचन क्रिया में बुरा प्रभाव पड़ता है, इसीलिए भोजन के कम से कम 30 मिनट से, 1 घंटे के बाद ही पानी पीना चाहिए, यह पेट के पाचन क्रिया, और पेट के तापमान को बनाए रखने में मदद करता है

6 पर्याप्त मात्रा में भरपूर पानी पिएं

पानी पर्याप्त मात्रा में पिएं

हमेशा पर्याप्त मात्रा में पानी पीना चाहिए, पूरे दिन में हमें, कम से कम, 2 से 3 लीटर पानी हर हालत में पीना चाहिए, और खास करके आपको, अपने पहले दिन की शुरुआत, सुबह सबसे पहले पानी से ही करना चाहिए, इससे रात भर का जो खाना होता है, सुबह सबसे पहले खाली पेट पानी पी लेने से, मल संबंधी कब्ज़ शिकायत की समस्या कभी नहीं होती है, और दिन भर में पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहने से, यह हमारे शरीर के तापमान को भी नियंत्रित रखता है, और हमारे जोड़ों के चिकनाई की मात्रा को भी बढ़ा देता है।

सही मात्रा में पानी पीने के फ़ायदे:

पर्याप्त मात्रा में पानी पीने से: पानी पाचन में सहायता करता है, पाचन शक्ति को बढ़ाता है, विषैले प्रदार्थों को मल-मूत्र द्वार से बाहर निकाल फेंकता है, हमारे शरीर की त्वचा को स्वस्थ और चमकदार बनाने में मदद करता है, और वजन संतुलित रखने में मदद करता है, पानी हमारे शरीर के सभी अंगों, और कौशिकाओं के लिए ज़रूरी है, यह पौषक तत्वों को शरीर के अलग-अलग हिस्सों तक पहुँचाने मे, और व्यर्थ प्रदार्थों को हमारे शरीर से बाहर निकालने में मदद करता है, इसलिए हमे अपने शरीर को हाइड्रेटेड रखने के लिए, भरपूर पर्याप्त मात्रा में पानी ज़रूर पीना चाहिए।

7. पर्याप्त निद्रा लें:

हर रात को कम से कम, 7 से 8 घंटे की नींद ज़रूर लेनी चाहिए, जिससे आपके दिन भर की थकन मिट सके, और आप तरोताजा और ऐक्टिव महसूस कर सकें। पर्याप्त मात्रा में नींद लेने से, हमारे मानसिक स्वास्थ्य में सुधार होता है, हमारी याददाशत मज़बूत होती है, एक भरपूर नींद, हमारे ध्यान केंद्रित करने की क्षमता को बढ़ाता है, आपको पूरे दिन ऊर्जावान और सतर्क रहने में मदद मिलती है, और हमारे शरीर में अनावश्यक सूजन भी कम होती है, एक अच्छी और सुकून भरी नींद लेने से चिड़चिड़ापन नहीं होता है, हमारा मूड खुशनुमा रहता है, और भावनात्मक स्थिरता को बनाए रखता है।

8. तनाव कम करें:

जितना हो सके तनाव कम करें, हमारे पूरे दिन के भाग दोड़ में, बहुत सारी ऐसी चीजें होती रहती हैं, जो अक्सर हमारे दिमाग पर किसी उलझन से कम नहीं होती है, इसलिए कोशिश करें, की तनाव कम करें, सकारात्मक सोच बनाएं रखें, और नकारात्मक सोच-विचारों को जितना हो सके दूर रखें, जीवन में अच्छी बातों की तलाश करें, और सकारात्मक विचारों पर ध्यान केंद्रित करें।

जब भी तनाव महसूस करें, तो 10 मिनट का ध्यान ज़रूर करें, गहरी लंबी साँस वाले व्यायाम करें, अपनी साँसों पर ध्यान को केंद्रित करें, खासकर रात को सोने से पहले, बिस्तर पर 10 मिनट का यह अभ्यास ज़रूर करें, इस क्रिया से आपके पूरे दिन का तनाव दूर होगा, और आरामदायक निद्रा में मदद मिलेगी, भावनात्मक संतुलन बनाए रखने, और तनाव कम करने के लिए, एक अच्छी सुकून भरी नींद बहुत ही आवश्यक होती है।

महत्वपूर्ण बातें:

तनाव कम करें, सकारात्मक सोच रखें

अपने शौक पूरे करें: अपनी पसंद के शौक में, समय बिताने से तनाव कम होता है, और हमें ख़ुशी मिलती है, प्रकृति के साथ भी समय बिताएं, खुले आसमान के नीचे, खुली हवा में बैठें, अपने साथ कुछ पल अकेले बिताएं, उन सभी मीठे पलों को याद करें, जो जीवन में सबसे हसीन, खूबसूरत पल गुज़रे हों, जीवन में ना कहना सीखें: अपनी सीमाओं पर एक रेखा खींचे, अपनी एक सीमा को तय करें, और बिना किसी झिझक के उन सभी चीजों को, ना कहना सीखें, जो आपको पसंद ना हो, जो आपको तनाव देती हो।

9. धूम्रपान और शराब, या अन्य किसी भी प्रकार के नशे से बचें:

सिगरेट और शराब की लत से बचें, या अन्य किसी भी प्रकार की, नशे की लत से संबंधित प्रदार्थों के सेवन करने से बचें, यह हमारे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होता है, इसलिए इससे हमे सदेव बचना चाहिए। धूम्रपान, शराब या अन्य किसी भी प्रकार के नशे से हमें दिल का दौरा, स्ट्रोक, विभिन्न प्रकार के कैंसर, टीवी, फेफड़ों की बीमारी, अस्थमा और डायबिटीज जैसी, कई प्रकार की गंभीर बीमारियां उत्पन्न हो सकती है, इसलिए हमें जितना हो सके, धूम्रपान, शराब और अन्य नशे संबंधित प्रदार्थों से दूर रहना चाहिए।

10. वज़न पर नियंत्रित रखें:

वज़न पर हमेशा एक नियंत्रित बनाएं रखें, स्वस्थ वज़न बनाए रखने से, बहुत सारी बीमारियों से बचाव होता है, एक संतुलित वज़न बनाएं रखने के लिए, हमें जितना हो सके, साधारण भोजन ही करना चाहिए, जंक फूड खाने से बचें, अधिक तेल का इस्तेमाल करने से बचें, तेज़ मिर्च मसालों वाले भोजन से दूरी बनाए रखें, विटामिन से भरपूर खाद्य प्रदार्थों को, अपने दैनिक आहार में एक नियमित रूप से शामिल करना सुनिश्चित करें, विटामिन युक्त भोजन लें, प्रोटीन और फाइबर युक्त भोजन को भी ज़रूर शामिल करें, नियमित रूप से व्यायाम करें, ज़्यादा मीठे चीजों से परहेज करें, और चीनी को करदो बाय-बाय, गुड़ को करदो (hi) हाय-हाय।

नियंत्रित वज़न बनाए रखने के फ़ायदे

एक संतुलित वज़न, और फिट होने पर, हमें एक बढ़ा हुआ आत्मविश्वास मिलता है, और उस बढ़े हुए आत्मविश्वास से हमारे अंदर, ख़ुद ब ख़ुद, एक सकारात्मक ऊर्जा उभर कर आती है, जिससे हमारे मानसिक स्वास्थ्य पर एक प्रभावशाली असर पड़ता है, और हमारी मानसिक स्वास्थ्य में भी सुधार आता है, इसलिए हमेशा वज़न पर नियंत्रित रखें, और वजन को बढ़ने ना दें, और अपने आत्मविश्वास को सदेव सकारात्मक बनाएं रखें।

निष्कर्ष:

स्वास्थ्य हमारे जीवन का सबसे अनमोल धन होता है, अतः हमें अपने स्वास्थ्य को सबसे प्रथम श्रेणी में ही रखना चाहिए: (एक रूटीन बनाएं) शारीरिक और मानसिक रूप से सक्रिय रहने के लिए समय निकालें, (स्वास्थ्य ही सबसे बड़ा धन है) और इसे एक अपॉइंटमेंट की तरह व्यवहार करें, जैसे कोई एक बड़ी बिजनस डील है, जिसके अपॉइंटमेंट रद्द करने पर भारी नुकसान हो सकता है (वैसे ही अपने स्वास्थ्य को भी आप उतना ही प्राथमिकता दें) क्यूंकि स्वास्थ्य से बड़ा कुछ भी नहीं।

Disclaimer: आर्टिकल में लिखे गए सलाह और सुझाव केवल शैक्षिक उद्देश्य के लिए है, और यह एक रिसर्च की गई सामान्य जानकारी है, किसी भी प्रकार की विशेष समस्या, जांच या किसी भी प्रकार के चिकित्सक सवाल के लिए डॉक्टर की सलाह ज़रूर लें। किसी भी विशेष परेशानी या मेडिकल ट्रीटमेंट होने की स्थिति में किसी भी नियम का पालन करने से पहले डॉक्टर से परामर्श ज़रूर करें।

कुछ महत्वपूर्ण पूछे जाने वाले सवाल और जवाब:

अच्छे स्वास्थ्य के लिए 10 टिप्स क्या हैं?

अच्छे स्वास्थ्य के लिए सबसे मुख्य 10 सुझावों में 1. प्रतिदिन व्यायाम करने का नियम बनाएं। 2. संतुलित आहार का एक सूची बनाएं। 3. खाने में हमेशा साधारण नमक (टेबल सॉल्ट) की जगह पर सेंधा नमक का ही उपयोग करें। 4. भरपूर सुकून भरी नींद लें, जिससे आप तनाव मुक्त महसूस कर सकें, एक अच्छा शांत मस्तिक हर कार्य के लिए परिपूर्ण होता है। 5. पर्याप्त मात्रा में जल पिएं, दिन में कम से कम 2 से 3 लीटर पानी पीना आवश्यक होता है। 6. भोजन के फौरन बाद पानी पीने से बचें, खाना खाने के बाद कम से कम, 30 मिनट से 1 घंटे तक का अंतर रखें। 7. भोजन के फौरन बाद बिस्तर पर लेटने या सोने से बचें, खाना खाने के बाद कम से कम, 500 से 1000 कदम ज़रूर चलिए, इससे भोजन को पचने में आसानी होती है। 8. तनाव मुक्त रहें, सकारात्मक सोच बनाएं रखें, और जितना हो सके नकारात्मक विचारों से दूर रहें। 9. धूम्रपान, शराब और अन्य किसी भी प्रकार के नशे संबंधित प्रयोग से दूर रहें। 10. एक नियंत्रित वज़न बनाएं रखें, जंक फूड और चर्बी युक्त खाने से दूर रहें, नियमित रूप से पौष्टिक आहार लेने से वज़न को नियंत्रित बनाए रखने में काफ़ी हद तक मदद मिलती है।

प्रतिदिन व्यायाम करने के फायदे?

नियमित रूप से व्यायाम करें

प्रतिदिन व्यायाम करने से, हृदय और फेफड़ों को मजबूती मिलती है, मांसपेशियों को ताक़त मिलती है, एक हेल्दी वज़न को बनाए रखने में मदद मिलती है, एक बेहतर नींद आने में आसानी होती है, जिसकी वजह से अगले दिन हमारा मूड फ्रेश रहता है, और काम पर फोकस बना रहता है, रोज एक्सरसाइज करके आप शारीरिक और मानसिक दोनों रूपों से सक्रिय बनें रहते हैं, और आपको एक स्वस्थ और खुशनुमा जीवन जीने का अनुभव मिलता है, इसके अलावा रोज व्यायाम करने से हृदय रोग, स्ट्रोक, मधुमेह जैसी कई बहुत सारी पुरानी बीमारियां दूर होने लगती हैं, और आने वाली कई गंभीर बीमारियों से भी बचाव किया जा सकता है।

संतुलित आहार क्या होता है?

संतुलित आहार वह होता है, जिस आहार में विभिन्न प्रकार के खाद्य प्रदार्थ जैसे, विटामिन, खनिज (मिनरल्स) कैलोरी, प्रोटीन, वसा, फाइबर और अन्य वे सभी प्रकार के खाद्य प्रदार्थ आते हैं, जिसमें हमारे दैनिक पौषण के लिए, आवश्यक मात्रा में पौषक तत्व मौजूद होते हैं। जो हमारे शरीर के कार्य (फंक्शन) को सही तरह से चलाने में हमारी मदद करते हैं, जिसमे फल, हरी सब्जियाँ, अंकुरित दालें, साबुत अनाज इत्यादि आते हैं।

संतुलित आहार में क्या-क्या शामिल होता है?

संतुलित आहार लें-हरी सब्जियां

एक हेल्दी संतुलित आहार में, फल, सभी प्रकार की सब्जियाँ , खासकर हरी सब्जियाँ, अंकुरित दालें (स्प्राउट), साबुत अनाज जैसे (चावल, रोटी, दलिया, उपमा), और हल्का भोजन जैसे खिचड़ी, सलाद (lettuce), मेवे (ड्राइ फ्रूट) दूध, दही, और बहुत प्रकार की चीजें शामिल होते हैं। इसके अलावा एक व्यक्ति जो भी खाता है, वह कितनी मात्रा में खाता है, यह भी संतुलित आहार में शामिल होता है।

खाना खाने के बाद पानी पीने से क्या होता है?

खाना खाने के फौरन बाद पानी पीने से, पाचन क्रिया में बुरा प्रभाव पड़ सकता है, पाचन प्रक्रिया कमज़ोर होने के साथ-साथ, गैस और सीने में जलन, और एसिडिटी से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं, विशेषज्ञों का कहना है: की भोजन करने के बाद कम से कम, 30 मिनट से 1 घंटे का अंतर ज़रूर रखें। बहुत ज़्यादा ज़रूरत महसूस होने पर, एक या दो घूंट पानी का पी सकते हैं, यह नुकसान नहीं करता है, लेकिन भोजन के तुरंत बाद भरपेट पानी पीने से हमें बचना चाहिए।

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